1,002 एकड़ भूमि NUITL के कब्जे में, परियोजना स्थल पर कोई बाधा नहीं: मुख्यमंत्री
20 मार्च 2026 को EPC अनुबंध, निर्माण कार्य शुरू—24.1 किमी ROW क्लियर कर ठेकेदार को उपलब्ध
नागला-किच्छा SH-44 का 10.7 किमी फोरलेन मार्ग और 400/220 केवी विद्युत उपकेंद्र के निर्माण पर विशेष फोकस
दिसंबर 2028 तक ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य
नई दिल्ली में NICDIT की शीर्ष मॉनिटरिंग बैठक में मुख्यमंत्री धामी ने वर्चुअल प्रतिभाग किया
श्याम टाइम्स देहरादूनl मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज मुख्यमंत्री आवास से नई दिल्ली में केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में आयोजित राष्ट्रीय औद्योगिक कॉरिडोर विकास एवं कार्यान्वयन ट्रस्ट (NICDIT) की तृतीय शीर्ष मॉनिटरिंग बैठक में वर्चुअल प्रतिभाग किया। बैठक में देश में औद्योगिक कॉरिडोर से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजनाओं की प्रगति, उनके समयबद्ध क्रियान्वयन तथा आवश्यक आधारभूत सुविधाओं के विकास की समीक्षा की गई।
बैठक में मुख्यमंत्री श्री धामी ने उत्तराखण्ड में विकसित किए जा रहे इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर आईएमसी खुरपिया की प्रगति एवं राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड सरकार आईएमसी खुरपिया को प्रदेश के औद्योगिक विकास का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनाने और इसके समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं सफल विकास के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि परियोजना के लिए निर्धारित 1,002 एकड़ भूमि पूरी तरह NUITL के कब्जे में है और वर्तमान में परियोजना स्थल पर किसी प्रकार की बाधा नहीं है। इससे परियोजना के निर्माण कार्य को निर्धारित समयसीमा के अनुरूप आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक आधार तैयार हो चुका है।
उन्होंने बताया कि आईएमसी खुरपिया के विकास के लिए EPC अनुबंध 20 मार्च 2026 को निष्पादित किया जा चुका है और निर्माण कार्य भी प्रारम्भ हो गया है। परियोजना के तहत कुल 24.1 किलोमीटर Right of Way (ROW) को क्लियर कर EPC ठेकेदार को उपलब्ध करा दिया गया है, जिसके बाद सड़क निर्माण सहित अन्य आवश्यक कार्य तेजी से प्रगति पर हैं।
बाह्य अवसंरचना के विकास पर राज्य सरकार का विशेष फोकस
देहरादूनl मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी बड़े औद्योगिक क्लस्टर की सफलता केवल औद्योगिक इकाइयों की स्थापना तक सीमित नहीं होती, बल्कि उसके लिए मजबूत कनेक्टिविटी, विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति और आधुनिक ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर का होना अत्यंत आवश्यक है। इसी दृष्टि से राज्य सरकार द्वारा आईएमसी खुरपिया की बाह्य अवसंरचना को मजबूत करने के लिए प्राथमिकता के आधार पर कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा नागला-किच्छा SH-44 के लगभग 10.7 किलोमीटर हिस्से को फोरलेन किए जाने के लिए आवश्यक समन्वय एवं कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है। यह मार्ग आईएमसी खुरपिया को बेहतर सड़क संपर्क प्रदान करने के साथ-साथ क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
मुख्यमंत्री धामी ने यह भी बताया कि परियोजना के लिए निर्बाध एवं पर्याप्त विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में पिटकल द्वारा 400/220 केवी उपकेंद्र के समयबद्ध निर्माण के लिए आवश्यक कार्यवाही एवं समन्वय किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मजबूत विद्युत एवं सड़क कनेक्टिविटी आईएमसी खुरपिया में स्थापित होने वाली औद्योगिक इकाइयों के लिए एक मजबूत आधार उपलब्ध कराएगी।
दिसंबर 2028 तक ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर पूरा करने का लक्ष्य
देहरादूनl मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि आईएमसी खुरपिया के ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कार्यों को दिसंबर 2028 तक समयबद्ध रूप से पूर्ण किया जाना प्रस्तावित है। उन्होंने अधिकारियों को परियोजना के प्रत्येक चरण की निरंतर निगरानी, विभिन्न विभागों के बीच प्रभावी समन्वय तथा निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और गति बनाए रखने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आईएमसी खुरपिया उत्तराखण्ड में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने, स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित करने और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करने की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण परियोजना है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि परियोजना के विकास के साथ स्थानीय युवाओं को रोजगार एवं कौशल विकास के अवसर प्राप्त हों और क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों का विस्तार हो।
मुख्यमंत्री ने इस महत्वपूर्ण परियोजना को निर्धारित समयसीमा में धरातल पर उतारने के लिए भारत सरकार द्वारा गठित एसपीवी से आवश्यक सहयोग एवं समन्वय की अपेक्षा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से आईएमसी खुरपिया को एक आधुनिक, प्रतिस्पर्धी और निवेश-अनुकूल औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित किया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड सरकार परियोजना से जुड़े सभी राज्य स्तरीय विषयों के समाधान के लिए तत्पर है और आईएमसी खुरपिया के विकास में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब न हो, इसके लिए निरंतर निगरानी एवं प्रभावी समन्वय सुनिश्चित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि आईएमसी खुरपिया आने वाले समय में उत्तराखण्ड के औद्योगिक विकास को नई दिशा देने के साथ-साथ निवेश, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प के अनुरूप उत्तराखण्ड में आधुनिक औद्योगिक आधारभूत संरचना के निर्माण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
इस अवसर पर सचिव विनय शंकर पाण्डेय भी उपस्थित रहे |